बागपत में राशन डीलर के खिलाफ ग्रामीणों का मोर्चा, नियमों के विपरीत राशन वितरण और शिकायतकर्ताओं को फंसाने के आरोप; लखनऊ तक शिकायत की तैयारी

बागपत। बसा टिकरी गांव में राशन डीलर के खिलाफ ग्रामीणों ने मोर्चा खोलते हुए बैठक कर गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि राशन डीलर द्वारा मानकों और नियमों के विपरीत राशन का वितरण किया जा रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि मामले को लेकर लगातार शिकायतें किए जाने के बावजूद अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि राशन डीलर के खिलाफ शिकायत करने पर वह शिकायतकर्ताओं पर ही झूठे आरोप लगाकर उन्हें परेशान करने और दबाव बनाने का प्रयास करता है। ग्रामीणों ने राशन डीलर पर दबंगई करने तथा लोगों को झूठे मामलों में फंसाने का आरोप लगाते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग की है।
शिकायत करने पर परेशान करने का आरोप
ग्रामीण सुमंत वीर ने आरोप लगाया कि राशन डीलर के खिलाफ शिकायत करने के बाद उन्हें झूठे मुकदमे में फंसाया गया। उनका यह भी आरोप है कि उनके साथ मारपीट की गई, लेकिन राशन डीलर के खिलाफ कोई कठोर कार्रवाई नहीं हुई। सुमंत वीर का कहना है कि शिकायत करने के बाद से ही उन्हें लगातार परेशान किया जा रहा है।
महिला ने पति को झूठे मुकदमे में फंसाने का लगाया आरोप
महिला चांदनी ने आरोप लगाया कि राशन डीलर ने उनके पति को झूठे मुकदमे में फंसाया है। उनका कहना है कि रास्ते में रोककर उनके पति के साथ मारपीट भी की गई। चांदनी ने राशन डीलर पर दबंगई और लगातार परेशान करने का आरोप लगाते हुए अधिकारियों से कार्रवाई की मांग की।

समाजसेवी ने निष्पक्ष जांच की मांग की
समाजसेवी सूरज प्रताप ने कहा कि राशन डीलर पर ग्रामीणों को प्रताड़ित करने के लगातार आरोप सामने आ रहे हैं। उनका कहना है कि पीड़ित परिवारों की ओर से शिकायत किए जाने के बावजूद अभी तक प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ ठोस कार्रवाई की मांग की।
कलेक्ट्रेट से लखनऊ तक शिकायत की चेतावनी
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द मामले में कार्रवाई नहीं हुई तो वे बागपत कलेक्ट्रेट पहुंचकर डीएम समेत संबंधित अधिकारियों से शिकायत करेंगे। ग्रामीणों का कहना है कि जरूरत पड़ने पर वे अपनी शिकायत लखनऊ तक लेकर जाएंगे।
वहीं, राशन डीलर पर लगाए गए आरोपों की वास्तविक स्थिति अधिकारियों की जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। ग्रामीणों ने कहा है कि वे मामले में निष्पक्ष जांच और पीड़ित परिवारों को न्याय मिलने तक अपनी शिकायत जारी रखेंगे।
