थाना बीटा-2 प्रभारी विनोद कुमार के नेतृत्व में DCP साइबर  के निर्देशन व DCP ग्रेटर नोएडा की देखरेख में साइबर सेल इंस्पेक्टर रमेश चंद्र व SI अतुल प्रताप सिंह की त्वरित कार्रवाई, ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट के नाम पर ठगी के शिकार पीड़ित के 8.32 लाख रुपये कराए वापस


थाना बीटा-2 प्रभारी विनोद कुमार के नेतृत्व में DCP साइबर  के निर्देशन व DCP ग्रेटर नोएडा की देखरेख में साइबर सेल इंस्पेक्टर रमेश चंद्र व SI अतुल प्रताप सिंह की त्वरित कार्रवाई, ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट के नाम पर ठगी के शिकार पीड़ित के 8.32 लाख रुपये कराए वापस

ग्रेटर नोएडा। साइबर अपराध के खिलाफ पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर द्वारा चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना बीटा-2 पुलिस ने सराहनीय कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट के नाम पर साइबर फ्रॉड के शिकार हुए पीड़ित की 8 लाख 32 हजार रुपये की धनराशि वापस कराने में सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई थाना बीटा-2 प्रभारी विनोद कुमार के नेतृत्व में, साइबर सेल इंस्पेक्टर रमेश चंद्र एवं साइबर सेल एसआई अतुल प्रताप सिंह की त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई से संभव हुई। कार्रवाई DCP साइबर के निर्देशन एवं DCP ग्रेटर नोएडा की देखरेख में की गई।

पुलिस के अनुसार, स्वर्ण नगरी निवासी डॉ. अंकुर मल्होत्रा ने ऑनलाइन एनसीआरपी पोर्टल पर साइबर क्राइम शिकायत संख्या 33102260046188 के माध्यम से शिकायत दर्ज कराई थी। पीड़ित ने बताया कि 19 फरवरी 2026 को ऑनलाइन इन्वेस्टमेंट के नाम पर उनके बैंक खाते से पांच बार में कुल 8,32,041.30 रुपये ट्रांसफर करा लिए गए थे। घटना के संबंध में पीड़ित द्वारा 27 फरवरी 2026 को शिकायत दर्ज कराई गई थी।

शिकायत मिलते ही थाना बीटा-2 पुलिस एवं साइबर क्राइम टीम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल आवश्यक कार्रवाई शुरू की। टीम द्वारा तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर धनराशि को ट्रेस करने तथा पीड़ित की रकम वापस कराने के लिए लगातार प्रयास किए गए। साइबर सेल टीम की त्वरित कार्रवाई और अथक प्रयासों के परिणामस्वरूप पीड़ित के 8,32,000 रुपये वापस करा दिए गए।

इस संबंध में थाना बीटा-2 पर मु0अ0सं0 0332/2026 के तहत धारा 66D आईटी एक्ट में अभियोग पंजीकृत किया गया है।

रकम वापस मिलने के बाद पीड़ित डॉ. अंकुर मल्होत्रा ने थाना बीटा-2 साइबर क्राइम टीम का आभार व्यक्त करते हुए पुलिस की भूरि-भूरि प्रशंसा की। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से साइबर ठगी के शिकार पीड़ित को बड़ी राहत मिली।

थाना बीटा-2 पुलिस की इस कार्रवाई को साइबर अपराध के मामलों में पुलिस की तत्परता, तकनीकी दक्षता और पीड़ित की धनराशि वापस कराने के लिए किए जा रहे प्रभावी प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।